भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की 80वीं स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले से एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। उन्होंने युवाओं के लिए प्रतियोगी परीक्षाओं (competitive exams यानी सरकारी नौकरी या प्रवेश परीक्षाओं) की मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग शुरू करने का ऐलान किया। इसका मकसद गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों पर पड़ने वाले भारी आर्थिक बोझ को कम करना है।
क्यों जरूरी था यह ऐलान
आजकल बच्चे UPSC, NEET, JEE, बैंक और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए कोचिंग सेंटर्स पर बहुत पैसा खर्च करते हैं। माता-पिता सोचते हैं कि अगर बच्चा कोचिंग नहीं गया तो वह पीछे रह जाएगा। इस वजह से परिवारों पर हजारों करोड़ रुपये का अतिरिक्त खर्च पड़ता है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों की चिंता को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है। अब युवा घर बैठे ही अच्छी कोचिंग ले सकेंगे। उन्हें परिवार से दूर जाकर कोचिंग सेंटर में रहने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इससे पैसे भी बचेंगे और परिवार का साथ भी बना रहेगा।
कैसे काम करेगा यह मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग सिस्टम
सरकार देश की डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (digital public infrastructure यानी सरकारी डिजिटल सिस्टम जैसे इंटरनेट और ऐप्स) और देश के अच्छे टीचर्स को एक साथ लाएगी। इससे एक बड़ा नेटवर्क बनेगा जो मुफ्त में ऑनलाइन कोचिंग देगा।
प्रधानमंत्री ने बताया कि भारत में पहले से ही अच्छी टेक्नोलॉजी और योग्य शिक्षक मौजूद हैं। इन्हें जोड़कर युवाओं को घर बैठे तैयारी का मौका मिलेगा।
विकसित भारत 2047 के विजन का हिस्सा
यह ऐलान सिर्फ कोचिंग तक सीमित नहीं है। प्रधानमंत्री ने इसे विकसित भारत (Developed India) 2047 के बड़े लक्ष्य का हिस्सा बताया। उन्होंने पिछले 12 सालों में हुए बदलावों का जिक्र किया:
- रक्षा उत्पादन 4 गुना बढ़ा
- इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग 7 गुना बढ़ा
- आधुनिक रेलवे कोच उत्पादन 21 गुना बढ़ा
- इंटरनेट यूजर्स 4 गुना और डिजिटल ट्रांजेक्शन 100 गुना बढ़े
भारत अब दुनिया की सबसे तेज बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। सेमीकंडक्टर (semiconductor यानी चिप्स बनाने का काम) प्लांट्स भी शुरू हो रहे हैं।
युवाओं के लिए और बड़े मौके
प्रधानमंत्री ने यह भी बताया कि एक करोड़ युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI यानी कृत्रिम बुद्धिमत्ता) से जुड़ी स्किल ट्रेनिंग दी जाएगी। खेल के क्षेत्र में भी भारत आगे बढ़ रहा है। देश 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी करेगा और 2036 ओलंपिक की भी उम्मीद कर रहा है।
छात्रों और परिवारों के लिए फायदा
इस नई व्यवस्था से छात्रों को घर पर बैठकर अच्छी तैयारी का मौका मिलेगा। माता-पिता को कोचिंग फीस का तनाव कम होगा। युवा परिवार के करीब रहकर पढ़ाई कर सकेंगे। यह कदम शिक्षा को सबके लिए आसान और सस्ता बनाने की दिशा में बड़ा बदलाव है।
PM मोदी के इस ऐलान से लाखों परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद है। अब देखना होगा कि सरकार इसे कितनी जल्दी और अच्छे तरीके से लागू करती है। युवाओं के लिए यह एक बड़ा मौका है कि वे बिना ज्यादा खर्च के अपनी सपनों की परीक्षा की तैयारी कर सकें।

